जीवन हो या व्यवसाय - दोनों अपनी ऊंचाइयां कब छू पाते हैं? जब आप परंपरा से हटकर कुछ नया करते या बनाते हैं। यानी "Power of Creativity" दोनों के फलने-फूलने हेतु आवश्यक है।
-दीप त्रिवेदी