धार्मिक शास्त्र हजारों वर्ष पुराने हैं। वे जाने कबसे मनुष्य के उद्धार में लगे पड़े हैं। फिर भी मनुष्य के दुःख-दर्दों को देखते हुए वे पूरी तरह असफल सिद्ध हुए हैं। अब समय आ गया है...जब नये विचारों को अपनाया जाए।
-दीप त्रिवेदी