कोटेशन्स
Top Views

Concentration एक जादू है, क्योंकि Concentration में ऊर्जा सरक्युलर घूमती है। दूसरी तरफ पूरे ब्रह्मांड की ऊर्जा भी सरक्युलर घूमती है। इसीलिये Concentration में हमारी प्रकृति से ट्युनिंग बैठ जाती है। और एक बार प्रकृति से Tuning बैठ गयी फिर जीवन सुख और समृद्धि से भरा ही समझो। अतः यदि बड़ी सफलता पानी हो तो हर छोटे-से छोटा कार्य ध्यान से करना सीखना ही होगा।

-दीप त्रिवेदी

बड़े कार्य ऊंची महत्वाकांक्षाओं के चलते नहीं, बल्कि उच्च कोटि के ध्यान व बड़े पैमाने की कटिबद्धता के सहारे निपटाये जाते हैं।

-दीप त्रिवेदी

‘‘वक्त’’ वह धार है जो ‘‘कृष्ण’’ जैसे सर्वश्रेष्ठ व्यक्तित्व को भी मौत की नींद सुला देता है। लेकिन उनका जीया जीवन व उनकी कही भगवद्गीता उन्हें अमर बना देती है। मरना आपको भी है, फिर कुछ ऐसा कर के क्यों नहीं मरते कि मर के भी न मरो।

-दीप त्रिवेदी

जब हमारा जीवन वैज्ञानिकों की ईजाद की हुई लाखों वस्तुओं पर निर्भर है, जब हमारे जीवन में सुकून, शांति व आनंद महान कलाकारों की वजह से है; तो उन्हें कैसे हम किसी कृष्ण, बुद्ध या क्राइस्ट से कम आंक सकते हैं?

-दीप त्रिवेदी

आप मन से कितने ‘जागरुक’ हैं इस बात का पता इससे चलता है कि आप किस बात पर क्या प्रतिक्रिया देंगे, यह कितनों को मालूम पड़ता है? जागरुक व्यक्ति की सारी प्रतिक्रियाएं आप हमेशा अप्रत्याशित ही पाएंगे।

-दीप त्रिवेदी

विकासशील राष्ट्रों के प्रतिभाशाली व्यक्तियों को स्वयं ही खुद को International Level पर Promote करना पड़ता है। इससे बेचारों की अच्छी-खासी शक्ति इसी में व्यर्थ हो जाती है।

-दीप त्रिवेदी

कभी आपने सोचा कि मान और अपमान में फर्क ही क्या है? मान वह जो दूसरा आपको देता है व अपमान वह जिससे दूसरा कुछ आप में से छीनने की कोशिश करता है। इस तरह दोनों कर्मों का ‘कर्ता’ तो दूसरा ही है... उससे आपका क्या?

-दीप त्रिवेदी

आप मेरा विश्वास करें कि ‘आप’ अपने समेत सबके जीवन के उतार-चढ़ावों को सिर्फ देखने वाले हैं। आपकी दिक्कत यह है कि आप अपने को करने वाला मानते हैं।

-दीप त्रिवेदी

इस ब्रह्मांड में सूर्य, पानी, हवा सब अपने कार्य में तो लगे हैं पर इनको आकांक्षा कोई नहीं। पाना कुछ नहीं। जब हम भी बिना किसी आकांक्षा के कार्यों में व्यस्त होना सीख जाएंगे, तो संतोष के परम-शिखर पर जा बैठेंगे।

-दीप त्रिवेदी

एडीसन ने बिना देश-धर्म की सीमा में बंधे सबका हित चाहा व बल्ब का आविष्कार किया; वह सफल हो गया। बुद्ध व जीसस ने अपने ही धर्म-जाति का विरोध कर सबका हित चाहा और वे भी सदैव के लिये अमर हो गये।

-दीप त्रिवेदी

Proudly owned by Aatman Innovations Pvt. Ltd. Mumbai, India.   |   प्रायवेसी पॉलिसी   |   डिस्कलेमर   |   साइट मैप   |   Best View - (1280x720) Latest Browsers
Feedback/Testimonials
* इस वेबसाइट के किसी भी विवरण का किसी भी रूप में अंशतः या पूर्णतः निजी हित में उपयोग करते पाए जाने वाले व्यक्ति/कंपनी/संस्था के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।